नई दिल्ली। दिल्ली विकास प्राधिकरण की 12,000 फ्लैटों वाली नयी आवासीय योजना जून के मध्य में लॉन्च होगी। उप राज्यपाल अनिल बैजल ने शहरी निकाय के इस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। DDA में शीर्ष अधिकारियों ने कहा कि विवरण पुस्तिका का मसौदा भी तैयार है और डीडीए जल्द ही साझेदार बैंकों से बात करेगा जिसके बाद योजना लॉन्च की जाएगी। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘उपराज्यपाल ने प्रस्ताव को अपनी मंजूरी दे दी है और अब हमारी तैयारी पूरी है। नयी योजना जून के मध्य में शुरू होगी जो कुछ समय की बात है लेकिन हमने अब समयसीमा का निर्धारण कर लिया है।’’

उन्होंने कहा कि विवरण पुस्तिका के मसौदे का प्रूफ रीड किया जा रहा है और इसे जल्द तैयार कर लिया जाएगा। डीडीए ने गैर गंभीर खरीदारों पर लगाम लगाने और बाजार की अटकलों की जांच करने के लिए इस बार कई स्तरों पर जुर्माना लगाने की व्यवस्था की है। अधिकारी ने कहा, ‘‘अगर कोई भावी खरीददार ड्रॉ निकलने की तारीख से पहले अपना आवेदन वापस लेता है तो उसके पंजीकरण शुल्क से कोई राशि काटी नहीं जाएगी। दूसरा, कोई खरीददार ड्रॉ तारीख के बाद लेकिन मांग पत्र जारी होने से पहले ऐसा करता है तो पंजीकरण शुल्क की 25 फीसदी राशि जब्त की जाएगी।’’ उन्होंने कहा, ‘‘और अगर मांग पत्र जारी होने के बाद लेकिन 90 दिनों के भीतर फ्लैट लौटाया जाता है तो 50 फीसदी शुल्क जब्त किया जाएगा और इसकी बाद की अवधि के लिए पूरा पंजीकरण शुल्क जब्त किया जाएगा।’’ कुल फ्लैटों में से ज्यादातर रोहिणी, द्वारका, नरेला, वसंत कुंज और जसोला में हैं। इसमें 2014 में आई योजना के 10,000 खाली फ्लैट जबकि 2,000 अन्य खाली फ्लैट भी शामिल हैं।

एलआईजी श्रेणी के लिए पंजीकरण शुल्क एक लाख रुपये होगा जबकि एमआईजी और एचआईजी के लिए दो लाख रुपये होगा। डीडीए ने आवेदन फॉर्म की बिक्री और योजना से संबंधित लेनदेन के लिए 10 बैंकों से करार किया है। इसमें एक्सिस बैंक, आईडीबीआई, बैंक ऑफ बड़ौदा, सेन्ट्रल बैंक, एसबीआई, कोटक महिंद्रा और एचडीएफसी, आईसीआईसीआई बैंक और केनरा बैंक शामिल हैं। उन्होंने कहा, ‘‘लोग फ्लैट लेने का मन बनाने से पहले उन इलाकों में जाकर फ्लैट देख सकते हैं। हमने लॉक इन पीरियड खंड को भी हटा दिया है क्योंकि हमारा मानना है कि इस वजह से भी खरीददार फ्लैट लौटाते हैं। यह उन तत्वों पर भी निगरानी रखने के लिए है जो बाजार में अफवाहें फैलाते हैं।’’

पहले यह योजना फरवरी में लॉन्च की जानी थी लेकिन सड़क संपर्क और स्ट्रीट लाइट लगाने जैसे निर्माण कार्यों के चलते यह अवधि खिंच गई। अधिकारी ने कहा, ‘‘पति और पत्नी दोनों योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं लेकिन दोनों को फ्लैट आवंटित होने की स्थिति में उनमें से किसी एक को फ्लैट लौटाना पड़ेगा।’’ सूत्रों ने बताया कि ज्यादातर फ्लैट पिछली आवासीय योजना वाले वन-बेडरूम एलआईजी फ्लैट हैं और इस बार कोई भी नया फ्लैट नहीं दिया जा रहा है। अधिकारी ने कहा, ‘‘करीब 10,000 फ्लैट 2014 डीडीए योजना वाले एलआईजी फ्लैट हैं। पिछली बार की ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) की तरह इस बार ऐसी कोई श्रेणी नहीं है। आवेदन फॉर्म ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीके से उपलब्ध होंगे।’’ आवेदन करने से लेकर फ्लैट वापस करने तक अपने मुख्यालय पर खरीददारों की लंबी-लंबी कतारों को घटाने के लिए इस बार योजना ऑनलाइन भी शुरू की गई है।